सर्द मौसम में बर्तन धोना कई घरों के लिए बड़ी चुनौती बन जाता है। ठंडे पानी के संपर्क में आने से हाथ सुन्न हो जाते हैं और त्वचा रूखी पड़ने लगती है। रोज़मर्रा के कामकाज को आसान बनाने के लिए अब कई परिवार किचन में छोटे आकार के विशेष गीजर लगाने की ओर रुख कर रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि सही तरह का गीजर न केवल काम को आसान बनाता है बल्कि बिजली और पानी दोनों की बचत भी करता है।
बाज़ार में किचन उपयोग के लिए कई मॉडल उपलब्ध हैं, लेकिन हर गीजर घरेलू उपयोग के लिए उपयुक्त नहीं होता। इसलिए आवश्यक है कि खरीदारी से पहले उसकी क्षमता, इंस्टॉलेशन और ऊर्जा–दक्षता का ध्यान रखा जाए।
किचन के लिए किस तरह का गीजर सबसे उपयुक्त?
विशेषज्ञों के अनुसार, इंस्टैंट वाटर गीजर किचन उपयोग के लिए सबसे अच्छा विकल्प माना जाता है।
इनकी सबसे बड़ी ख़ासियत है कि ये केवल कुछ सेकंड में गर्म पानी देना शुरू कर देते हैं। इस तरह पानी बर्बाद नहीं होता और काम में देरी भी नहीं होती।
किचन सिंक के पास इसकी कॉम्पैक्ट इंस्टॉलेशन संभव होती है, जिससे पाइपलाइन लंबी नहीं करनी पड़ती और गर्म पानी तुरंत नल तक पहुंच जाता है।
कितनी क्षमता वाला गीजर चुनें?
किचन के लिए 1 से 3 लीटर क्षमता वाले इंस्टैंट गीजर पर्याप्त माने जाते हैं।
1 लीटर – हल्के उपयोग और छोटे परिवार के लिए
3 लीटर – रोज़मर्रा के बर्तन धोने या भारी उपयोग वाले किचन के लिए
विशेषज्ञ बताते हैं कि बड़े आकार का स्टोरेज गीजर किचन के लिए न केवल अधिक जगह घेरता है बल्कि यह ऊर्जा की अतिरिक्त खपत भी करता है।
इंस्टैंट गीजर क्यों बेहतर माना जाता है?
तेज़ गर्म पानी – 10–20 सेकंड में पानी मिल जाता है।
ऊर्जा की बचत – सिर्फ जरूरत होने पर ही पानी गर्म होता है।
कॉम्पैक्ट आकार – किचन के छोटे स्पेस में आराम से फिट हो जाता है।
कम मेंटेनेंस – स्टोरेज टैंक न होने के कारण स्केलिंग कम होती है।
सर्दियों में लगातार ठंडे पानी के उपयोग से होने वाली असुविधा की तुलना में यह गीजर एक प्रभावी समाधान माना जाता है।
कौन से फीचर्स का ध्यान रखना जरूरी?
ओवरहीट प्रोटेक्शन सिस्टम – तापमान ज्यादा होने पर गीजर खुद बंद हो जाए।
कॉपर हीटिंग एलिमेंट – तेज़ हीटिंग और लंबी उम्र के लिए बेहतर।
रस्ट–फ्री बॉडी – किचन की नमी से बचाव के लिए महत्वपूर्ण।
ISI सर्टिफिकेशन – सुरक्षा मानकों की पुष्टि।
इन सुविधाओं वाला गीजर सुरक्षित, टिकाऊ और ऊर्जा–दक्ष माना जाता है।
लगाने का सही स्थान भी महत्वपूर्ण
गीजर हमेशा सिंक के नजदीक और दीवार पर ऊँचाई पर लगाया जाना चाहिए ताकि पानी के दबाव में कमी न आए।
इसके अलावा, बिजली और पानी की पाइपलाइन सुरक्षित दूरी पर होनी चाहिए, जिससे किसी प्रकार का शॉर्ट–सर्किट खतरा न बने।
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