लोकप्रिय मैसेजिंग ऐप WhatsApp एक बार फिर बड़ा बदलाव करने जा रहा है। कंपनी अब ऐसा फीचर लाने की तैयारी में है, जिससे यूज़र्स बिना मोबाइल नंबर के भी चैटिंग और कॉलिंग कर सकेंगे। माना जा रहा है कि यह अपडेट अगले साल के शुरुआती महीनों में जारी किया जाएगा। यह कदम यूज़र प्राइवेसी और कनेक्टिविटी दोनों के लिहाज से गेमचेंजर साबित हो सकता है।
कैसे काम करेगा नया फीचर
रिपोर्ट्स के अनुसार, WhatsApp आने वाले अपडेट में एक “यूज़रनेम-बेस्ड चैटिंग सिस्टम” पेश करने जा रहा है। इसका मतलब यह है कि अब किसी से बातचीत शुरू करने के लिए मोबाइल नंबर की जरूरत नहीं होगी।
यूज़र अपने अकाउंट के लिए एक यूनिक यूज़रनेम बना सकेंगे, जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर होता है — उदाहरण के लिए @rahul_07 या @neha.mehta।
अगर कोई व्यक्ति आपसे बात करना चाहता है, तो वह सिर्फ आपका यूज़रनेम सर्च करेगा, न कि आपका फोन नंबर।
प्राइवेसी होगी और मजबूत
व्हाट्सऐप पर अब तक यूज़र की पहचान पूरी तरह मोबाइल नंबर से जुड़ी रही है, जिससे कई बार प्राइवेसी से जुड़े खतरे पैदा होते हैं। नए फीचर के आने के बाद यह जोखिम काफी हद तक कम हो जाएगा।
विशेषज्ञों के मुताबिक, “नंबर-लेस चैटिंग सिस्टम” से यूज़र्स को अपनी पहचान छिपाने या नियंत्रित करने की सुविधा मिलेगी। यह खास तौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद होगा जो बिज़नेस या पब्लिक प्लेटफॉर्म्स पर ग्राहकों से बात करते हैं, लेकिन अपना निजी नंबर साझा नहीं करना चाहते।
टेलीग्राम से प्रेरित कदम
टेक एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह फीचर Telegram जैसे प्लेटफॉर्म्स से प्रेरित है, जहां यूज़रनेम सिस्टम पहले से मौजूद है। व्हाट्सऐप अब उसी दिशा में कदम बढ़ाकर अपने प्लेटफॉर्म को और ज़्यादा प्राइवेसी-फ्रेंडली बनाना चाहता है।
कंपनी इस फीचर को टेस्टिंग स्टेज पर रख चुकी है और जल्द ही बीटा वर्ज़न में इसे सीमित यूज़र्स के लिए उपलब्ध कराएगी।
अन्य बड़े अपडेट्स भी कतार में
नंबरलेस चैटिंग के अलावा WhatsApp कई और नई सुविधाओं पर काम कर रहा है, जिनमें मल्टी-डिवाइस सपोर्ट का नया संस्करण, एडवांस चैट लॉक, और ईमेल से अकाउंट रिकवरी जैसी सुविधाएं शामिल हैं।
कंपनी का मकसद है कि यूज़र को पर्सनल सिक्योरिटी के साथ सीमलेस कनेक्टिविटी का अनुभव मिले।
एक्सपर्ट्स की राय
टेक विशेषज्ञों का कहना है कि यह बदलाव व्हाट्सऐप के लिए रणनीतिक रूप से बेहद अहम है। “यूज़रनेम सिस्टम न केवल सुरक्षा बढ़ाएगा, बल्कि युवाओं और नए यूज़र्स को प्लेटफॉर्म से जोड़ने में मदद करेगा,” साइबर टेक्नोलॉजिस्ट्स का कहना है।
यूज़र्स की प्रतिक्रिया
सोशल मीडिया पर यूज़र्स पहले से ही इस फीचर को लेकर उत्साहित हैं। कई लोगों का कहना है कि अगर यह अपडेट सफल रहा, तो व्हाट्सऐप की लोकप्रियता और भी बढ़ेगी। वहीं कुछ ने सवाल उठाया है कि क्या इससे फेक अकाउंट्स या गलत पहचान बनाने का खतरा नहीं बढ़ेगा।
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