1971 के युद्ध में भारत के सामने आत्मसमर्पण करने वाली पाकिस्तानी सेना से जब्त किये गये हथियारों में से कुछ राइफलें कोलकाता लाई जा रही हैं। ये हथियार इसी सप्ताह मध्य प्रदेश के टेकनपुर से कोलकाता पहुंचेंगे।अभी इन्हें कोलकाता में नव महाकरण की एक मंजिल पर कमरे में प्रदर्शित किया जायेगा और बाद में इन्हें राज्य सरकार द्वारा बनाए गए नए संग्रहालय में ले जाया जाएगा।
पश्चिम बंगाल के प्रशासक जनरल और आधिकारिक ट्रस्टी बिप्लब रॉय ने इन ऐतिहासिक हथियारों को कोलकाता लाने की पहल की। 1971 के भारत-पाक युद्ध में पाकिस्तान हार गया था। उस समय भारतीय सेना ने पाकिस्तानी सेना से बड़ी संख्या में हथियार जब्त किये थे। वे सभी हथियार देश के अलग-अलग हिस्सों में रखे हुए हैं। केंद्रीय गृह मंत्रालय के कब्जे में जितने भी हथियार हैं, वे अब तक कभी बंगाल नहीं आये थे। लंबे प्रयासों के बाद इन्हें लाया जा रहा है।
एक साल पहले पूर्व जज और राज्य सरकार के ट्रस्टी बिप्लब राय ने केंद्रीय गृह मंत्रालय से हथियार लाने की अपील की थी। 11 सितंबर को केंद्र ने मंजूरी दे दी। बिप्लब ने पिछले मंगलवार को टेकनपुर जाकर आधिकारिक तौर पर हथियारों के स्थानांतरण की प्रक्रिया पूरी की। इसे अब कोलकाता लाया जा रहा है।
बिप्लब ने बताया कि कुल छह हथियार कोलकाता पहुंचेंगे। इनमें पाकिस्तानी सेना द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली रेमिंगटन राइफलें, राइफल मस्कट, लॉन्चर राइफलें शामिल हैं। बिप्लब ने कहा, ‘हमारे विभाग की पहल के तहत कई प्राचीन और महत्वपूर्ण सामग्रियों को संरक्षित किया गया है। इसमें पुरातत्व कलाकृतियों केसाथ-साथ विभिन्न कालखंडों के युद्ध उपकरण भी शामिल हैं। इस बार 1971 के युद्ध के हथियार आ गए हैं और हमारा संग्रह समृद्ध हो गया है।
Navyug Sandesh Hindi Newspaper, Latest News, Findings & Fact Check