पूर्व भारतीय ऑलराउंडर और 1983 विश्व कप विजेता युवराज सिंह के पिता योगराज सिंह ने एक इंटरव्यू में बेटे के प्रति अपने असीम प्यार और कर्तव्यबोध का दिल छू लेने वाला खुलासा किया है। योगराज ने बताया कि युवराज हर महीने उनके बैंक अकाउंट में लाखों रुपये ट्रांसफर करते हैं, ताकि उन्हें जीवन में किसी भी तरह की आर्थिक चिंता न रहे। यह खुलासा ऐसे समय में आया है जब योगराज अक्सर विवादास्पद बयानों के कारण सुर्खियों में रहते हैं, लेकिन इस बार उन्होंने बेटे की संवेदनशीलता और जिम्मेदारी को सलाम करते हुए कहा, “मुझे एक रुपया भी कमाने की जरूरत नहीं पड़ती। युवी सब संभाल लेता है।”
योगराज सिंह ने पंजाबी चैनल ‘दिल दियां गल्लां’ को दिए इंटरव्यू में कहा, “मेरे बेटे युवराज सिंह हर महीने मेरे खाते में लाखों रुपये डालते हैं। मुझे न तो कोई काम करना पड़ता है, न किसी से मांगना पड़ता है। वो खुद फोन करके पूछते हैं – पापा, कुछ चाहिए? मैं कहता हूं बेटा बस तू सलामत रहे।” योगराज ने भावुक स्वर में आगे कहा, “एक पिता के लिए इससे बड़ी खुशी क्या हो सकती है कि उसका बेटा इतना जिम्मेदार और प्यार करने वाला निकला। मैंने उसे क्रिकेट सिखाया, लेकिन उसने मुझे जिंदगी जीना सिखाया।”
युवराज सिंह ने 2019 में क्रिकेट के सभी फॉर्मेट्स से संन्यास ले लिया था। इसके बाद उन्होंने IPL कमेंट्री, यूट्यूब चैनल, ब्रांड एंडोर्समेंट्स और अपनी कैंसर फाउंडेशन ‘यूवीकैन’ के जरिए सक्रिय रहे। सूत्रों के मुताबिक युवराज की सालाना कमाई अभी भी 25-30 करोड़ रुपये के आसपास है, जिसमें IPL कमेंट्री (लगभग 10-12 करोड़), ब्रांड डील्स और निवेश शामिल हैं। योगराज ने यह भी खुलासा किया कि युवराज ने उनके लिए चंडीगढ़ में आलीशान घर बनवाया है और हर छोटी-बड़ी जरूरत का खुद ख्याल रखते हैं।
योगराज सिंह ने बेटे की तारीफ करते हुए कहा, “लोग मुझे विवादास्पद समझते हैं, लेकिन युवराज ने कभी मेरे बयानों का विरोध नहीं किया। वो जानता है कि पिता का दिल कितना बड़ा होता है। मैंने उसे सख्ती से पाला, कभी प्यार नहीं दिखाया, लेकिन उसने मुझे प्यार लौटाकर दिखा दिया।” उन्होंने यह भी बताया कि कैंसर से जंग लड़ने के दौरान युवराज ने उन्हें कभी अकेला नहीं छोड़ा और आज भी हर हफ्ते फोन करके हालचाल पूछते हैं।
क्रिकेट जगत में इस खुलासे ने हर किसी का दिल जीत लिया। पूर्व कोच दविंदर अरोड़ा ने कहा, “योगराज साहब ने युवराज को क्रिकेटर बनाया, लेकिन युवराज ने उन्हें जिंदगी का असली हीरो बना दिया। यह बाप-बेटे का रिश्ता हर किसी के लिए मिसाल है।” सोशल मीडिया पर #YuviCares और #FatherSonGoals ट्रेंड करने लगे। एक फैन ने लिखा, “लाखों कमाने वाले बेटे से ज्यादा खुशी उस बेटे से होती है जो पिता को इतना सम्मान दे।”
योगराज सिंह पिछले कुछ सालों में अपने बेबाक बयानों के कारण विवादों में रहे हैं, चाहे वह एमएस धोनी पर टिप्पणी हो या बॉलीवुड स्टार्स पर। लेकिन इस इंटरव्यू में उन्होंने सिर्फ बेटे की तारीफ की और कहा, “मैंने जीवन में बहुत कुछ देखा, लेकिन युवराज जैसा बेटा पाकर मैं धन्य हो गया।” युवराज ने अभी तक इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी, लेकिन सूत्र बताते हैं कि वे पिता की हर बात को दिल से मानते हैं।
पिता-पुत्र का यह अनूठा रिश्ता एक बार फिर साबित करता है कि पैसा कमाना आसान है, लेकिन दिल से दिल तक का रिश्ता बनाना सबसे मुश्किल और कीमती होता है। योगराज सिंह की आंखों में चमक और आवाज में गर्व साफ बता रहा था – “मेरा बेटा मेरा सबसे बड़ा गर्व है।”
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