डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति पद की शपथ लेने के बाद अमेरिका में तेजी से फैसले लिए जा रहे हैं। ट्रंप प्रशासन ने विविधता, समानता और समावेशन (DEI) से जुड़े संघीय कर्मचारियों को पेड लीव पर भेजने और इन कार्यक्रमों को समाप्त करने के निर्देश दिए हैं। कार्मिक प्रबंधन कार्यालय (Office of Personnel Management) ने इस संबंध में मंगलवार को एक ज्ञापन जारी किया।
DEI कार्यक्रमों पर पाबंदी
ज्ञापन के अनुसार, सभी संघीय एजेंसियों को बुधवार शाम तक DEI ऑफिस के कर्मचारियों को पेड लीव पर भेजने और सभी DEI फोकस्ड वेबपेजों को हटाने के लिए कहा गया है। इसके अलावा, DEI से जुड़े किसी भी ट्रेनिंग प्रोग्राम या अनुबंध को भी रद्द करना होगा। अगर किसी DEI कार्यक्रम का नाम बदलकर इसे जारी रखने की कोशिश की गई, तो इसकी सूचना 10 दिनों के भीतर प्रशासन को देनी होगी।
ट्रंप का DEI विरोधी कार्यकारी आदेश
ट्रंप ने राष्ट्रपति बनते ही अपने पहले दिन एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए, जिसके तहत संघीय सरकार के विविधता और समावेशन कार्यक्रमों को समाप्त करने का आदेश दिया गया। यह फैसला पूर्वाग्रह विरोधी प्रशिक्षण से लेकर अल्पसंख्यक किसानों और गृहस्वामियों को वित्तपोषण जैसे कार्यक्रमों को प्रभावित करेगा।
बाइडेन बनाम ट्रंप: उलटे गए फैसले
ट्रंप के इस आदेश से पहले, जो बाइडेन ने अपने कार्यकाल की शुरुआत में DEI कार्यक्रमों को बढ़ावा देने के लिए 2 कार्यकारी आदेश जारी किए थे। ट्रंप प्रशासन ने अब इन आदेशों को रद्द कर दिया है। ट्रंप ने बाइडेन प्रशासन पर आरोप लगाया कि DEI कार्यक्रमों के माध्यम से “भेदभावपूर्ण” नीतियां लागू की जा रही थीं।
कॉर्पोरेट जगत पर DEI विरोधी अभियान
ट्रंप प्रशासन ने न्याय विभाग और अन्य एजेंसियों का उपयोग करते हुए निजी कंपनियों की जांच शुरू करने की भी योजना बनाई है। यह जांच उन कंपनियों पर केंद्रित होगी, जो विविधता और समावेशन आधारित भर्ती व ट्रेनिंग नीतियों का पालन करती हैं। ट्रंप का मानना है कि ऐसी नीतियां गैर-अल्पसंख्यक समूहों, जैसे कि गोरे पुरुषों, के साथ भेदभाव करती हैं।
आक्रामक रवैया
ट्रंप का नया DEI विरोधी एजेंडा पहले की तुलना में अधिक आक्रामक माना जा रहा है। यह एजेंडा कॉर्पोरेट जगत के साथ-साथ संघीय नीतियों को भी प्रभावित करेगा। हालांकि, इन बदलावों को पूरी तरह लागू होने में महीनों या सालों का समय लग सकता है।
क्या है आगे की राह?
ट्रंप का यह फैसला उनके पिछले प्रशासन के कार्यों की ही निरंतरता है। उनके पहले कार्यकाल में संघीय निधियों के उपयोग से पूर्वाग्रह विरोधी प्रशिक्षण पर प्रतिबंध लगाया गया था। अब इस नए DEI विरोधी एजेंडे ने यह स्पष्ट कर दिया है कि ट्रंप अपने रुख को लेकर और अधिक सख्त होने वाले हैं।
यह देखना दिलचस्प होगा कि ट्रंप के इस फैसले का असर संघीय कर्मचारियों, निजी कंपनियों और अमेरिकी समाज पर कितना गहरा पड़ता है।
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