सर्दियों के मौसम में कई लोगों को त्वचा का बार-बार ड्राई होना या खुरदरापन महसूस होना आम समस्या लगती है। ठंडी हवा, कम नमी और हीटर का इस्तेमाल त्वचा की नमी को तेजी से कम कर देता है, जिससे स्किन रूखी, खुरदरी और कभी-कभी खुजली वाली हो जाती है। विशेषज्ञों का कहना है कि केवल मॉइस्चराइज़र लगाने भर से काम नहीं चलता, बल्कि इसे रोकने के लिए सही देखभाल की रणनीति अपनाना जरूरी है।
सबसे पहले, हाइड्रेशन पर ध्यान देना बेहद जरूरी है। सर्दियों में शरीर पानी की कम मात्रा में भी निर्जलित हो सकता है। पर्याप्त मात्रा में पानी पीना और हाइड्रेटिंग फूड्स जैसे तरबूज, खीरा और संतरे को डाइट में शामिल करना त्वचा को अंदर से नमी प्रदान करता है।
दूसरा, साफ-सफाई का तरीका बदलें। ठंडी हवाओं में गर्म पानी से बार-बार नहाना या चेहरा धोना त्वचा की प्राकृतिक तेल परत को हटा सकता है। एक्सपर्ट्स सलाह देते हैं कि गुनगुने पानी से हल्के क्लेंज़र का उपयोग करें और बहुत अधिक बार चेहरे को न धोएं।
तीसरा, मॉइस्चराइजिंग रूटीन बेहद महत्वपूर्ण है। दिन में कम से कम दो बार, खासकर नहाने के बाद मॉइस्चराइज़र लगाएं। विशेषज्ञ बताते हैं कि सीरम या ऑयल आधारित मॉइस्चराइज़र रूखी त्वचा के लिए अधिक प्रभावी होते हैं। नारियल तेल, बादाम का तेल या जोजोबा ऑयल स्किन को गहराई से हाइड्रेट करने में मदद करते हैं।
चौथा, सूरज की हानिकारक किरणों से सुरक्षा। सर्दियों में सूरज का प्रभाव कम लग सकता है, लेकिन UV किरणें त्वचा को नुकसान पहुंचा सकती हैं। हल्के SPF वाले मॉइस्चराइज़र या सनस्क्रीन का इस्तेमाल त्वचा की सुरक्षा और नमी बनाए रखने में मदद करता है।
इसके अलावा, हवा की नमी बनाए रखने के उपाय भी जरूरी हैं। हीटर या सेंट्रल हीटिंग से घर की हवा बहुत सूखी हो जाती है। इस स्थिति में ह्यूमिडिफायर का इस्तेमाल करना फायदेमंद है। यह त्वचा को प्राकृतिक रूप से हाइड्रेट रखता है और ड्राईनेस कम करता है।
खानपान भी त्वचा की सेहत पर असर डालता है। विशेषज्ञों का कहना है कि ओमेगा-3 फैटी एसिड, विटामिन E और C त्वचा को अंदर से पोषण देते हैं। मछली, अखरोट, हरी सब्जियां और नारंगी फल सर्दियों में स्किन की नमी बनाए रखने में मदद करते हैं।
यह भी पढ़ें:
ठंड के मौसम में बार-बार पेशाब का चक्कर, शरीर क्यों दे रहा यह संकेत
Navyug Sandesh Hindi Newspaper, Latest News, Findings & Fact Check