प्लेटलेट्स की तेजी से कमी: 4 बीमारियां जिनमें यह है खतरनाक संकेत

प्लेटलेट्स (Platelets) हमारे खून में पाई जाने वाली छोटी-छोटी कोशिकाएं हैं, जो खून का थक्का जमाने और चोट लगने पर खून बहना रोकने का काम करती हैं। सामान्य रूप से प्लेटलेट्स की संख्या 1.5 लाख से 4.5 लाख प्रति माइक्रोलीटर खून होती है। लेकिन अगर यह संख्या अचानक तेजी से घटने लगे, तो यह किसी गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है।

प्लेटलेट्स कम होने के 4 प्रमुख कारण और बीमारियां

1. डेंगू बुखार

  • डेंगू वायरस ब्लड में प्लेटलेट्स की संख्या को तेजी से घटा देता है।
  • इसके लक्षणों में तेज बुखार, शरीर में दर्द, त्वचा पर लाल चकत्ते और कमजोरी शामिल हैं।

2. मलेरिया

  • मलेरिया परजीवी लाल रक्त कोशिकाओं को नष्ट करता है और प्लेटलेट्स की संख्या कम कर देता है।
  • बुखार के साथ ठंड लगना, पसीना आना और सिरदर्द इसके आम लक्षण हैं।

3. वायरल इंफेक्शन (जैसे चिकनगुनिया)

  • कई वायरल बीमारियों में प्लेटलेट्स तेजी से घटते हैं।
  • इससे थकान, मांसपेशियों में दर्द और त्वचा पर लाल दाग दिखाई दे सकते हैं।

4. ब्लड से जुड़ी गंभीर बीमारियां (जैसे ल्यूकेमिया)

  • ब्लड कैंसर जैसी बीमारियों में बोन मैरो प्लेटलेट्स बनाना बंद कर देता है।
  • बार-बार खून बहना, मसूड़ों से खून आना और नीले निशान पड़ना इसके लक्षण हो सकते हैं।

प्लेटलेट्स घटने के लक्षण

  • नाक या मसूड़ों से खून आना
  • त्वचा पर लाल या बैंगनी दाग
  • छोटे घाव से भी देर तक खून बहना
  • अत्यधिक कमजोरी और थकान

प्लेटलेट्स बढ़ाने के घरेलू उपाय

  • आहार में पपीते के पत्तों का रस, अनार, गिलोय का रस और विटामिन C से भरपूर फल शामिल करें।
  • पर्याप्त पानी पिएं और पूरी नींद लें।

प्लेटलेट्स की संख्या में तेजी से कमी को हल्के में लेना खतरनाक हो सकता है। अगर इसके लक्षण दिखें तो तुरंत जांच करवाएं और सही इलाज लें, ताकि गंभीर जटिलताओं से बचा जा सके।