दिनभर की व्यस्त दिनचर्या में अक्सर लोग त्वचा पर हो रही खुजली को मामूली समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। कई बार इसे मौसम, धूल, पसीना या एलर्जी का कारण मानकर लोग स्वयं ही घरेलू इलाज शुरू कर देते हैं। लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार, अगर त्वचा पर लगातार या बिना किसी स्पष्ट कारण के खुजली हो रही है, तो इसे हल्के में लेना ठीक नहीं। यह किडनी के स्वास्थ्य से जुड़ा एक महत्वपूर्ण संकेत भी हो सकता है, जिसे नजरअंदाज करना आगे चलकर गंभीर समस्या का रूप ले सकता है।
किडनी शरीर से अपशिष्ट पदार्थों को बाहर निकालने का काम करती है। जब यह प्रक्रिया प्रभावित होती है, तो शरीर में टॉक्सिन जमा होने लगते हैं और इसका असर सीधे त्वचा पर दिखाई देता है। यही कारण है कि किडनी की कार्यक्षमता कम होने पर मरीजों को अक्सर लगातार खुजली की समस्या का सामना करना पड़ता है। यह खुजली कई बार इतनी तीव्र होती है कि व्यक्ति रातभर सो नहीं पाता।
क्यों होती है किडनी खराब होने पर खुजली?
1. शरीर में टॉक्सिन का जमा होना
जब किडनी ठीक से काम नहीं करती, तो यूरिया, क्रिएटिनिन जैसे अपशिष्ट पदार्थ रक्त में बढ़ने लगते हैं। यह त्वचा की सतह पर जलन पैदा करते हैं, जिसके कारण खुजली लगातार बनी रहती है।
2. ड्राई स्किन
किडनी रोग के कारण शरीर में तरल पदार्थों का संतुलन बिगड़ जाता है। इससे त्वचा सूखी और खिंची हुई महसूस होने लगती है, जो खुजली को बढ़ावा देती है।
3. कैल्शियम-फॉस्फोरस असंतुलन
किडनी शरीर में खनिजों के संतुलन को बनाए रखने में अहम भूमिका निभाती है। जब यह संतुलन बिगड़ता है, तो त्वचा पर दाने, खुजली और जलन जैसी समस्याएँ उभरने लगती हैं।
4. नर्व डैमेज
कई बार किडनी रोग के उन्नत चरणों में नसों पर असर पड़ता है, जिससे त्वचा संवेदनशील हो जाती है और हल्की जलन भी तीव्र खुजली में बदल सकती है।
किन लक्षणों के साथ दिखे तो हों सावधान?
शरीर पर बिना किसी कारण के लगातार खुजली
रात में बढ़ने वाली खुजली
त्वचा का अत्यधिक सूखापन
पैरों, टांगों और चेहरे में सूजन
भूख कम लगना, उल्टी या थकान
पेशाब के रंग और मात्रा में बदलाव
विशेषज्ञों के अनुसार, यदि खुजली इन लक्षणों के साथ दिखाई दे, तो तुरंत जांच कराना जरूरी है। यह किडनी रोग का शुरुआती संकेत हो सकता है, जिसमें समय पर इलाज बेहद महत्वपूर्ण है।
निवारण और सावधानियाँ
किडनी रोग से बचने के लिए स्वस्थ जीवनशैली, संतुलित भोजन, पर्याप्त पानी का सेवन और नियमित जांच बेहद आवश्यक हैं। डायबिटीज़ और हाई बीपी वाले लोगों को विशेष सतर्क रहना चाहिए, क्योंकि ये दोनों किडनी रोग के मुख्य कारणों में शामिल हैं। वहीं, खुजली लगातार बढ़ रही हो, तो डॉक्टर से परामर्श लेकर ही दवा या लोशन का उपयोग करना चाहिए।
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