कोरोना काल के बाद से गिलोय का चलन काफी बढ़ गया है। इसे आयुर्वेद में अमृता यानी अमृत समान माना जाता है। गिलोय का सेवन जूस, काढ़ा या टैबलेट के रूप में किया जाता है। ये शरीर को कई बीमारियों से लड़ने की ताकत देता है — जैसे डेंगू, मलेरिया, स्वाइन फ्लू और वायरल इंफेक्शन। लेकिन ध्यान दें, हर किसी को गिलोय का सेवन नहीं करना चाहिए, क्योंकि इसके कुछ गंभीर साइड इफेक्ट्स भी सामने आए हैं।
आइए जानते हैं गिलोय के फायदे और इससे जुड़ी सावधानियों के बारे में।
गिलोय के फायदे | Benefits of Giloy in Hindi
इम्यूनिटी मजबूत करता है – शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है।
जोड़ों के दर्द में राहत देता है – आर्थराइटिस और सूजन में असरदार।
खून को करता है साफ – स्किन की समस्याओं से राहत देता है।
आंखों की रोशनी बढ़ाने में मददगार – विशेष रूप से त्रिफला के साथ सेवन से।
गिलोय के नुकसान | Giloy Side Effects in Hindi
1. लो ब्लड प्रेशर वालों के लिए हानिकारक
अगर आपको पहले से ही Low BP की शिकायत है, तो गिलोय आपके ब्लड प्रेशर को और गिरा सकता है। बिना डॉक्टर की सलाह के न लें।
2. गर्भवती महिलाएं और स्तनपान कराने वाली महिलाएं
गर्भवती और नवजात को दूध पिलाने वाली महिलाओं को गिलोय का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए। इससे हार्मोनल बदलाव और स्वास्थ्य जोखिम बढ़ सकते हैं।
3. कब्ज की समस्या
गिलोय का ज्यादा सेवन पाचन तंत्र को धीमा कर सकता है, जिससे कब्ज की समस्या हो सकती है।
4. लिवर डैमेज का खतरा
एक स्टडी में पाया गया कि 29 लोगों को लिवर से जुड़ी गंभीर समस्याएं गिलोय के कारण हुई थीं। इनमें से कोई भी व्यक्ति नशे में, डायबिटिक या हाई बीपी का मरीज नहीं था।
गिलोय का सेवन करते समय ध्यान देने योग्य बातें
दिन में एक बार, सीमित मात्रा में ही सेवन करें।
बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं को डॉक्टर की सलाह से ही दें।
अगर पहले से कोई बीमारी है या आप दवाइयाँ ले रहे हैं तो पहले डॉक्टर से परामर्श ज़रूर लें।
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