डैंड्रफ (Dandruff) यानी सिर की खसखसाहट और सफेद परतें अक्सर लोगों को परेशान करती हैं। कई लोग शैम्पू बदलते रहते हैं, घर पर इलाज करते हैं, लेकिन डैंड्रफ बार-बार लौट आता है। विशेषज्ञों के अनुसार, यह सिर्फ शैम्पू की समस्या नहीं है, बल्कि कुछ रोजमर्रा की आदतों और गलतियों का नतीजा है।
डैंड्रफ के लिए आम गलतियां
सिर की सफाई में कमी या अधिकता
बहुत कम या बहुत अधिक बाल धोना दोनों डैंड्रफ की समस्या को बढ़ा सकते हैं।
रोजाना बाल धोने से सिर की प्राकृतिक तेल की कमी हो जाती है। वहीं, बाल लंबे समय तक न धोने से डैंड्रफ और तैलीय स्कैल्प बढ़ जाता है।
सलाह: सप्ताह में 2-3 बार नियमित शैम्पू करें और हल्के कंडीशनर का इस्तेमाल करें।
तेल या हेयर प्रोडक्ट्स का गलत इस्तेमाल
हेयर जेल, स्प्रे, हेयर क्रीम और हेयर ऑयल का अत्यधिक या गलत इस्तेमाल डैंड्रफ को बढ़ा सकता है।
विशेषकर तेल लगाकर सिर को धोए बिना छोड़ना स्कैल्प में फंगल इंफेक्शन का कारण बन सकता है।
सलाह: बालों में हल्का तेल लगाएं और शैम्पू से अच्छी तरह धोएं।
अनियमित डाइट और पोषण की कमी
विटामिन B, जिंक और ओमेगा-3 फैटी एसिड की कमी से डैंड्रफ की समस्या बढ़ सकती है।
जंक फूड, तैलीय और शुगर युक्त आहार स्कैल्प को अस्वस्थ बनाते हैं।
सलाह: हरी सब्जियां, मछली, अंडा, नट्स और दालें शामिल करें।
तनाव और नींद की कमी
मानसिक तनाव और नींद की कमी से हार्मोन असंतुलन होता है, जो डैंड्रफ को बढ़ा सकता है।
विशेषज्ञ बताते हैं कि तनावग्रस्त लोग अक्सर सिर खुजली और डैंड्रफ की समस्या से परेशान रहते हैं।
सलाह: योग, ध्यान और नियमित नींद से समस्या में कमी आती है।
डैंड्रफ से बचाव के उपाय
एंटी-डैंड्रफ शैम्पू का उपयोग हफ्ते में 2-3 बार करें।
बाल धोने के बाद उन्हें साफ तौलिये से हल्के हाथों से सुखाएं।
लगातार स्कैल्प में खुजली या परत दिखे तो डर्मेटोलॉजिस्ट से सलाह लें।
तैलीय बाल और डैंड्रफ के लिए नीम, एलोवेरा और टी ट्री ऑयल अच्छे विकल्प हैं।
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