सुबह उठते ही कुछ मीठा खाने की आदत कई लोगों को होती है – कोई चाय के साथ बिस्किट खाता है, तो कोई मीठे फल, मिठाई या चॉकलेट का सेवन करता है। लेकिन क्या खाली पेट मीठा खाना वाकई हेल्दी है या इससे शरीर को नुकसान होता है? आइए जानते हैं इस आदत के फायदे और नुकसान, और क्या कहते हैं डाइटिशियन और न्यूट्रिशन एक्सपर्ट।
खाली पेट मीठा खाने की आदत: क्यों लेते हैं लोग?
कुछ लोगों को सुबह उठते ही शुगर क्रेविंग होती है, क्योंकि रातभर के उपवास के बाद शरीर को ग्लूकोज की ज़रूरत महसूस होती है। इस समय ब्रेन और बॉडी दोनों को एनर्जी चाहिए होती है, जिससे लोग मीठे की ओर आकर्षित होते हैं।
एक्सपर्ट्स की चेतावनी: खाली पेट मीठा खाने के नुकसान
1. ब्लड शुगर लेवल में तेजी से उछाल
खाली पेट मीठा खाने से अचानक ब्लड ग्लूकोज लेवल तेजी से बढ़ता है, जिससे पैंक्रियाज को अधिक मात्रा में इंसुलिन रिलीज करना पड़ता है। यह स्थिति लंबे समय में टाइप 2 डायबिटीज की संभावना बढ़ा सकती है।
2. मेटाबॉलिज्म गड़बड़ होना
शुगर की अधिक मात्रा खाली पेट लेने से मेटाबॉलिज्म धीमा हो सकता है और शरीर में इंसुलिन रेसिस्टेंस बढ़ सकता है, जिससे वजन बढ़ना शुरू हो सकता है।
3. एसिडिटी और डाइजेशन की समस्या
मीठा, खासकर रिफाइंड शुगर, पेट की एसिड प्रोडक्शन को बढ़ाता है, जिससे एसिडिटी, ब्लोटिंग और अपच जैसी दिक्कतें हो सकती हैं।
4. एनर्जी क्रैश
मीठा खाने से शुरुआत में एनर्जी तो मिलती है, लेकिन कुछ देर बाद अचानक थकान या चक्कर जैसी स्थिति बन सकती है, जिसे शुगर क्रैश कहते हैं।
कब और कैसे लें मीठा?
डाइटिशियन का सुझाव है कि यदि मीठा खाना हो, तो खाली पेट ना खाएं। इसकी बजाय:
ब्रेकफास्ट के साथ या बाद में मीठा खाएं
मीठे की जगह फ्रूट्स जैसे केला, पपीता, सेब चुनें
ड्राय फ्रूट्स और गुड़ जैसे नेचुरल स्वीटनर बेहतर विकल्प हो सकते हैं
किन लोगों को खाली पेट मीठा नहीं खाना चाहिए?
डायबिटीज या प्री-डायबिटीज वाले मरीज
मोटापा या वजन बढ़ने की समस्या से जूझ रहे लोग
एसिडिटी और पेट की तकलीफ वाले व्यक्ति
एक्सपर्ट की सलाह
न्यूट्रिशनिस्ट्स का मानना है कि सुबह का समय शरीर के लिए सबसे ज़रूरी होता है। इसलिए हाई प्रोटीन, हाई फाइबर और लो शुगर डाइट लेना बेहतर है। अगर मीठा खाना हो, तो इसे संतुलित भोजन के हिस्से के तौर पर शामिल करें।
यह भी पढ़ें:
बार-बार मुंह में छाले होना है खतरे की घंटी! जानिए क्या हो सकती हैं इसके पीछे की गंभीर बीमारियां
Navyug Sandesh Hindi Newspaper, Latest News, Findings & Fact Check