सर्दियों की सुबह आलस भरी होती है। कई बार ऐसा होता है कि हम कंबल-रजाई छोड़कर काम के लिए बाहर नहीं निकल पाते। फिर चाहे हम कितने भी अलार्म सेट कर लें, हमें नींद से छुटकारा नहीं मिल पाता। कुछ लोगों को तो शाम होते ही नींद आने लगती है। हालांकि, यह कोई गंभीर समस्या नहीं है, लेकिन इसके पीछे कुछ वैज्ञानिक कारण हैं। ठंडे मौसम में हमारे शरीर में एक हार्मोन रिलीज होता है, जो नींद के पैटर्न को बदल देता है। तो आइए जानते हैं इस पर हेल्थ एक्सपर्ट क्या कहते हैं।
सर्दियों में नींद आने के ये 3 प्रमुख कारण
शरीर में धूप कम लगना
ठंड के मौसम में दिन छोटे और रातें लंबी हो जाती हैं, जिससे हम सूरज की रोशनी के संपर्क में कम रहते हैं। इससे हमारे शरीर का सिर्केडियन रिदम प्रभावित होता है, जो हमारे शरीर को यह संदेश देता है कि हमें कब सोना है और कब जागना है। इस बदलाव के कारण नींद अधिक आती है।
विटामिन डी की कमी
सर्दियों में पर्याप्त धूप न मिलने के कारण शरीर को विटामिन-डी की कमी हो जाती है। यह विटामिन शरीर के लिए बेहद जरूरी होता है, और इसकी कमी से नींद के पैटर्न पर भी असर पड़ता है। साधना हेल्थ यूट्यूब पेज पर शेयर किए गए वीडियो में बताया गया है कि यह मौसम हमारी नींदों को कैसे प्रभावित करता है।
मूड स्विंग्स
सर्दियों के मौसम में कई लोग उदासी, चिंता, स्ट्रेस और खुश न रहने जैसी समस्याओं का सामना करते हैं, जिसे सीजनल अफेक्टिव डिसऑर्डर (SAD) कहा जाता है। इस समय हमारा ब्रेन थकने लगता है, जिससे नींद बढ़ जाती है।
ज्यादा सोने के नुकसान
बहुत ज्यादा सोने से शरीर को कई प्रकार की बीमारियां हो सकती हैं, जैसे:
मोटापा
सिरदर्द
पीठ का दर्द
डिप्रेशन
इसके अलावा, ज्यादा सोने से दिल की बीमारियों और डायबिटीज का खतरा भी बढ़ सकता है।
नींद के लिए अपनाएं ये टिप्स
सर्दियों में अगर आप नींद से परेशान हैं, तो इन सरल उपायों को अपनाएं:
रूम का तापमान सही रखें।
कुछ समय धूप में रहें।
पर्याप्त पानी पिएं।
अपने शरीर को एक्टिव रखें।
सही आहार का सेवन करें।
इन उपायों को अपनाकर आप सर्दियों में होने वाली आलस्य और नींद की समस्याओं से बच सकते हैं और अपनी सेहत को बेहतर बना सकते हैं।
यह भी पढ़ें:
सर्दियों में बच्चों की खांसी को न करें नजरअंदाज, हो सकती हैं ये गंभीर बीमारियां
Navyug Sandesh Hindi Newspaper, Latest News, Findings & Fact Check