मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले में एक महिला सरकारी शिक्षक को तीसरी संतान के बाद नौकरी से निकाल दिया गया, जिसके बाद पूरे राज्य के शासकीय शिक्षक वर्ग में खलबली मच गई है। यह कार्रवाई संयुक्त संचालक भोपाल के आदेश के बाद की गई है।
जानकारी के अनुसार, धमौरा स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पदस्थ शिक्षिका रंजीता साहू पर यह आरोप था कि उन्होंने सरकारी सेवा में रहते हुए अपनी तीसरी संतान के जन्म की जानकारी छिपाई और नियमों का उल्लंघन करते हुए नौकरी का लाभ उठाया।
इस मामले की शिकायत वर्ष 2022 में हुई थी, जिसके बाद जांच शुरू हुई। जुलाई 2023 में रंजीता साहू को कारण बताओ नोटिस भेजा गया, लेकिन उनका जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया। विभागीय जांच में यह सिद्ध हुआ कि उन्होंने नियमों के खिलाफ जाकर 2001 के बाद तीसरी संतान की जानकारी छुपाई थी।
इसके आधार पर संयुक्त संचालक सागर ने आदेश जारी करते हुए उनकी सेवाएं समाप्त कर दीं और उन्हें सरकारी नौकरी से निकाल दिया गया।
इस कार्रवाई के बाद पूरे मध्यप्रदेश में हजारों शिक्षक चिंतित हैं, खासकर वे जो इस नीति के अंतर्गत आते हैं।