प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में देश के लिए एक बड़ी सौगात देते हुए ESTIC (Emerging Science & Technology Innovation Center) का उद्घाटन किया। इस परियोजना के तहत देश में 1 लाख करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा, जिसका उद्देश्य नवीनतम तकनीकी अनुसंधान और विकास को गति प्रदान करना है।
उद्घाटन समारोह में PM मोदी ने कहा कि ESTIC भारत को विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अग्रणी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि यह पहल देश के युवाओं और शोधकर्ताओं के लिए नए अवसर और रोजगार सृजन का मार्ग खोलने वाली है।
PM मोदी ने अपने भाषण में जोर दिया कि विज्ञान और तकनीक ही देश की प्रगति की कुंजी हैं। उन्होंने कहा, “इस केंद्र के माध्यम से हम नई तकनीकों, नवाचारों और अनुसंधान को प्रोत्साहित करेंगे, जो आने वाले वर्षों में देश की आर्थिक और सामाजिक प्रगति को नई ऊँचाइयों तक ले जाएंगे।”
विशेषज्ञों का मानना है कि ESTIC का उद्घाटन भारत की तकनीकी क्रांति के लिए मील का पत्थर साबित होगा। केंद्र में अत्याधुनिक उपकरण और प्रयोगशालाएँ स्थापित की जाएंगी, जिससे अनुसंधान और विकास के क्षेत्र में देश के वैज्ञानिकों को वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
ESTIC के माध्यम से न केवल विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि उद्योगों के साथ सहयोग और तकनीकी हस्तांतरण को भी बढ़ावा मिलेगा। इससे न केवल शोध के परिणाम व्यावसायिक रूप में परिवर्तित होंगे, बल्कि देश में रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
प्रधानमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यह परियोजना युवा वैज्ञानिकों और तकनीकी स्टार्टअप्स को विशेष रूप से समर्थन देगी। ESTIC के तहत प्रशिक्षण कार्यक्रम, कार्यशालाएं और अनुसंधान परियोजनाओं के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे युवाओं की क्षमता को अधिकतम रूप से विकसित किया जा सके।
राजनीतिक और आर्थिक विशेषज्ञों का कहना है कि 1 लाख करोड़ रुपये के निवेश के साथ ESTIC भारत को तकनीकी क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम है। इससे देश की वैश्विक प्रतिस्पर्धा क्षमता बढ़ेगी और नई तकनीकों के विकास में भारत की पहचान मजबूत होगी।
इस अवसर पर PM मोदी ने यह भी कहा कि विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में देश की नई सफलताएँ भारत के विकास की कहानी को और अधिक प्रेरणादायक बनाएंगी। उन्होंने सभी वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं से आग्रह किया कि वे इस केंद्र के माध्यम से नवाचार और अनुसंधान के क्षेत्र में निरंतर योगदान दें।
इस तरह ESTIC का उद्घाटन भारत के लिए विज्ञान और तकनीक में नई क्रांति की शुरुआत है। यह केंद्र न केवल शोध और नवाचार को बढ़ावा देगा, बल्कि देश की वैज्ञानिक योग्यता और तकनीकी क्षमता को भी वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिलाएगा।
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